गूगल के AI हब को लेकर आंध्र-कर्नाटक में जुबानी जंग, मंत्री बोले- पड़ोसियों को जलन है
नई दिल्ली। आंध्र प्रदेश के मंत्री नारा लोकेश ने पड़ोसी राज्य कर्नाटक के साथ तीखी नोकझोंक में तंज कसा है। बेंगलुरु की खराब सड़कों और बुनियादी ढांचे पर सवाल उठाते हुए लोकेश ने कर्नाटक को आड़े हाथों लिया, खासकर तब जब गूगल ने कर्नाटक के बजाय आंध्र में 15 अरब डॉलर का डेटा और एआई हब स्थापित करने का फैसला किया।
लोकेश ने गुरुवार को एक्स पर चुटकी लेते हुए कहा, "आंध्र का खाना मसालेदार है और लगता है हमारे निवेश भी। कुछ पड़ोसियों को जलन होने लगी है।"
कई बार कर चुके हैं बयानबाजी
लोकेश और कर्नाटक के कांग्रेस नेता जैसे उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार और आईटी मंत्री प्रियंक खड़गे सितंबर से ही आपस ऑनलाइन तंज कस रहे हैं। यह विवाद तब शुरू हुआ जब बेंगलुरु के बेलंदूर इलाके में एक लॉजिस्टिक्स कंपनी के सह-संस्थापक राजेश याबाजी ने लंबे कम्यूट समय और खराब सड़कों की शिकायत की।
लोकेश ने तुरंत मौके का फायदा उठाया और विशाखापट्टनम को निवेश के लिए बेहतर विकल्प बताया। जैसे-जैसे बेंगलुरु के और कारोबारी और निवासी शहर की समस्याओं पर शिकायत करते गए लोकेश ने आंध्र को निवेश का आकर्षक गंतव्य बताना शुरू कर दिया।
गूगल की पसंद ने बढ़ाई तल्खी
गूगल के आंध्र में 15 अरब डॉलर के निवेश के फैसले ने इस स्पर्धा में नया रंग दे दिया। खरगे ने तंज कसते हुए कहा कि आंध्र ने गूगल को लुभाने के लिए 22,000 करोड़ रुपये की सब्सिडी और टैक्स में छूट जैसे लालच दिए।
जवाब में लोकेश ने कहा, "अगर कर्नाटक सरकार अक्षम है, तो मैं क्या कर सकता हूं? उनके ही उद्योगपति कहते हैं कि वहां बुनियादी ढांचा खराब है, बिजली कटौती होती है। उन्हें पहले अपनी समस्याएं ठीक करनी चाहिए।"

फैंस को भाया ट्विंकल का अंदाज, वीडियो हुआ वायरल
Bargi Dam Case: तमिलनाडु भेजने से पहले शर्त, परिवार में आक्रोश
ऑरेंज कैप छिनी! Abhishek Sharma पीछे, रेस हुई और दिलचस्प
ट्रंप प्रशासन का बड़ा फैसला: संसद को दरकिनार कर हथियार डील की पेशकश
“तुम बहुत खूबसूरत लग रही हो…”—बयान से भड़का मामला