*अंततः नहीं बचाया जा सका बोरवेल में गिरे 6 वर्षीय मयंक आदिवासी को*

*भाव विह्वल होते हुए नीलम अभय मिश्रा ने कहा- एक मां की पीड़ा को एक मां ही समझ सकती है*
*मारुति एक्सप्रेस प्रतिनिधि प्रमोद मिश्रा गुड्डू भैया*
रीवा। लोकसभा क्षेत्र रीवा की कांग्रेस प्रत्याशी एवं पूर्व विधायक नीलम मिश्रा आज सुबह एक बार फिर रेस्क्यू अभियान स्थल मनका पहुंची,  जहां तमाम प्रशासनिक प्रयासों
के बावजूद बालक मयंक आदिवासी को नहीं बचाया जा सका। इस दौरान श्रीमती नीलम मिश्रा ने सीधे तौर पर कहा है कि संबंधित ठेकेदार के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए जिसने यह बोरवेल खोदा था और उसे खुला छोड़ दिया था।
उन्होंने भाव विह्वल होते हुए कहा कि यह एक दारुण दृश्य है। एक मां की पीड़ा, एक मां ही समझ सकती है। पूरे परिवारजन किस मनोस्थिति से गुजर रहे हैं इसकी कोई कल्पना नहीं कर सकता। इस दौरान उन्होंने मयंक के परिवार के सदस्यों से मिलकर सांत्वना दी। उन्होने शोक संवेदना जाहिर करते हुए कहा कि  भगवान से यही  प्रार्थना है कि मयंक को अपने श्री चरणों में स्थान दे।पीड़ित परिवार के साथ मेरी संवेदनाएं है। भगवान पीड़ित परिवार को यह वज्रपात सहन करने की शक्ति प्रदान करे।
उल्लेखनीय है कि गत दिवस घटना की जानकारी मिलते ही नीलम अभय मिश्रा तत्परता के साथ घटनास्थल पर पहुंच गई थी और लगातार होने वाली प्रशासनिक कार्यवाही से संपर्क में रही वहीं परिवार जनों के साथ रही। आज भी सुबह वे घटनास्थल पर पहुंच गई थी और रेस्क्यू अभियान पूरा होने तक वहीं मौजूद रही। दुर्भाग्य से तमाम प्रयास सार्थक साबित नहीं हुए और मयंक को बचाया नहीं जा सका।
 

भाव विह्वल होते हुए नीलम अभय मिश्रा ने कहा- एक मां की पीड़ा को एक मां ही समझ सकती है*
 

रीवा। लोकसभा क्षेत्र रीवा की कांग्रेस प्रत्याशी एवं पूर्व विधायक नीलम मिश्रा आज सुबह एक बार फिर रेस्क्यू अभियान स्थल मनका पहुंची,  जहां तमाम प्रशासनिक प्रयासों
के बावजूद बालक मयंक आदिवासी को नहीं बचाया जा सका। इस दौरान श्रीमती नीलम मिश्रा ने सीधे तौर पर कहा है कि संबंधित ठेकेदार के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए जिसने यह बोरवेल खोदा था और उसे खुला छोड़ दिया था।
उन्होंने भाव विह्वल होते हुए कहा कि यह एक दारुण दृश्य है। एक मां की पीड़ा, एक मां ही समझ सकती है। पूरे परिवारजन किस मनोस्थिति से गुजर रहे हैं इसकी कोई कल्पना नहीं कर सकता। इस दौरान उन्होंने मयंक के परिवार के सदस्यों से मिलकर सांत्वना दी। उन्होने शोक संवेदना जाहिर करते हुए कहा कि  भगवान से यही  प्रार्थना है कि मयंक को अपने श्री चरणों में स्थान दे।पीड़ित परिवार के साथ मेरी संवेदनाएं है। भगवान पीड़ित परिवार को यह वज्रपात सहन करने की शक्ति प्रदान करे।
उल्लेखनीय है कि गत दिवस घटना की जानकारी मिलते ही नीलम अभय मिश्रा तत्परता के साथ घटनास्थल पर पहुंच गई थी और लगातार होने वाली प्रशासनिक कार्यवाही से संपर्क में रही वहीं परिवार जनों के साथ रही। आज भी सुबह वे घटनास्थल पर पहुंच गई थी और रेस्क्यू अभियान पूरा होने तक वहीं मौजूद रही। दुर्भाग्य से तमाम प्रयास सार्थक साबित नहीं हुए और मयंक को बचाया नहीं जा सका।

न्यूज़ सोर्स : राज मीडिया